J
junaid khan@jk800231Maestro
कुछ रातें आँखों पर नहीं, रूह पर उतरती हैं। नींद पास आकर भी लौट जाती है, क्योंकि कुछ यादें इतनी ज़िंदा होती हैं कि उन्हें सुलाने के लिए पूरी रात भी कम पड़ जाती है।

Related

View all

Comments

No comments yet.